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Radha Rani
Nandlal Chhanga
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🇮🇳 Hindi · Original
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यमुना मैया कारी कारी राधा गोरी गोरी
यमुना मैया कारी कारी राधा गोरी गोरी
वृन्दावन में धूम मचावे बरसाना री छोरी
व्रज्धाम राधाजू की रजधानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मीठे रस से भरी रे, राधा रानी रानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
कान्हा नित मुरली मे टेरे सुमरे बरम बार
कान्हा नित मुरली मे टेरे सुमरे बरम बार
कोटिन रूप धरे मनमोहन, तऊ ना पावे पार
रूप रंग की छबीली पटरानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
ना भावे मने माखन-मिसरी, अब ना कोई मिठाई
ना भावे मने माखन-मिसरी, अब ना कोई मिठाई
मारी जीबड़या ने भावे अब तो राधा नाम मलाई
वृषभानु की लाली तो गुड़धानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
राधा राधा नाम रटत है जो नर आठों याम
राधा राधा नाम रटत है जो नर आठों याम
तिनकी बाधा दूर करत है राधा राधा नाम
राधा नाम से सफल ज़िंदगानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मीठे रस से भरी रे, राधा रानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
मन कारो कारो जमुनाजी रो पानी लागे
भाई प्रकट किशोरी रसमयी गोरी
स्वामिनी मोरी सुकुमारी
अतुलित च्चवि भारी हरिहीयहारी
कीर्ति दुलारी सुखकरी.
गनर्मा उगामून रतिसची पुन
नही सरवर जिन धयुटीलेसा.
प्रत्याग च्चवि ज़रही मधुरी वरही,
रसमयी करही व्रज देशा.
भो समय सुहावन मुनिमाण पवन,
आतिशे पावन चाहूं ऑरा,
धन मॅडमॅन वरसे विधयूत शराशाई
अजगज हरसाई नही धोरा
सुर सिधढ सुजाना राज विमाना
हनाई निशांत मोड़ महा
सुंदर नंदन बन, सुसूमन नूतन
वरसे जे धुनि पूर रहा
देखाई सब ताधे, लॉकंगन गढ़े
टानू सच बढ़ेई, ताप तारे.
बहू गंधरवी गेव ताल बाज़वे
किन्नरी आवे नृत्या करे
सब सरिता निर्मल,बहात अधुर्ज़ल
प्रभावत धुनि कल ह्रदय हारें
वाहावायु सुगंधा, शीतल मंदा, मिश्रित नंदा
सुमन ज़रे
ड्यूम गान हरियाली अतीही निराली
बेली विशाली च्चवि भारी
कुंजत कल कोकिल, किर मोर मिल, हांश सरस रील, मन्हारी
आती मुदिता छ्चाई चाहूं डिशी भाई, नवनिधि पाई, जिम रांका
इम उत्सव भारी, सब सुखकरी, वसंत निहारी, गत शंका